दस तरीकों से Android फोन का डाटा चोरी होने से बचाएं

इंटर्नेट के जमाने में मोबाइल फ़ोन ने हमारा कितना काम आसान कर दिया वो तो आप जानते ही होगे, पर अगर कुछ नहीं जानते होगे तो ये की कैसे अपने फ़ोन को हैक होने से बचाए या कैसे अपने मोबाइल डेटा का सिक्यर करके रखे।

वेसे तो मोबाइल को हैक करना इतना आसान भी नहीं है, पर जादा मुसकिल भी नहीं है ओर अगर हमें मोबाइल सिक्यरिटी की सही जानकारी नहीं हो तो कोई भी हमारे मोबाइल को हैक कर सकता है।

जेसे अगर आपको नहीं पता Whatsapp हैक कैसे करे तो आप उसको हैक होने से नहीं बचा पायेंगे, उससी तरह अगर आपको फ़ेस्बुक अकाउंट को हैक होने से बचना है तो आपको पता होना चाहिए की कैसे वो हैक हो सकता है।

मोबाइल को हैक करने के लिए 1 छोटा सा software ही इंस्टॉल करना होता है, जिसके बाद फ़ोन की सभी चीजें हैक हो जाती है फ़ोटो, विडीओ, कॉल, फ़ेस्बुक, वहत्सप्प अगर हम धियान ना रखे तो।

चलिए अब जान लेते है क्या क्या सिक्यरिटी का आपको धियान रखना है अगर आपको अपना फ़ोन हैक होने से बचाना है।

दस तरीकों से Android फोन का डाटा चोरी होने से बचाएं - Mobile

एंड्राॅयड फोन सिक्यरिटी टिप्स

1. लॉक स्क्रीन को सिक्योर बनाए

कोई भी आपके स्मार्टफोन को चलाना चाहता हो तो उसे सबसे पहले फोन का पासवर्ड, पिन, पैटर्न लॉक आदि पता होना चाहिए। यही वह चीज होती है जो अगर दूसरे को पता हो तो वह स्मार्टफोन आसानी से चला सकता है इसलिए यह सुनिश्चित करने के लिए कि कोई भी आपकी प्राइवेज जानकारी को ना देखे सके। सबसे पहले स्मार्टफोन में कोई अच्छा पासवर्ड सेट कर ले।

ज्यादातर लोग पासवर्ड 1234 और 0000 डालकर ही काम चलाते हैं, लेकिन इन्हें कोई भी आसानी से अनुमान लगा लेगा। कई लोग अपने जन्मदिन की तारीख को भी पासवर्ड बना लेते हैं, लेकिन इसे भी आपके दोस्त, रिश्तेदार या कोई भी आपका जन्मदिन जानता हो, वह आसानी से कोड डालकर फोन अनलॉक कर लेगा, इसलिए बधिया पास्वर्ड का इस्तमाल करे।

इन दिनों लगभग सभी अच्छे स्मार्टफोन्स में फिंगरप्रिंट स्कैनर आता है, अगर आपके स्मार्टफोन में भी यह फीचर है तो आप बहुत ही आसानी से फोन को सुरक्षित बना सकते हैं। केवल इस स्कैनर पर अपनी अंगुली रख कभी भी फोन को लॉक-अनलॉक कर सकते हैं।

इतना ही नहीं फिंगरप्रिंट स्कैनर से विभिन्न तरह के पेमेंट भी एंड्राइड पे सर्विसेज से बहुत आसानी से और सुरक्षित तौर पर की जा सकती है। अगर आप अभी एक नया स्मार्टफोन खरीदने जा रहे हैं तो फिंगरप्रिंट स्कैनर वाला फोन ही लेवें। इसके साथ ही आप नीचे दिए गए अन्य तरीकों पर भी गौर कर सकते हैं।

स्मार्ट फोन लॉक – ज्यादातर लॉकस्क्रीन ऐप्स को बायपास कर कोई भी आपके फोन को चला सकता है। लेकिन यह ऐप सुरक्षा के मामले में इतनी अच्छी है कि एक बार आप इसे इंस्टॉल कर लें तो आपकी इजाजत के बिना कोई भी इसे अनइंस्टॉल नहीं कर सकता। स्मार्टफोन लॉक ऐप की सबसे बड़ी खासियत है समय के आधार पर पिन बदलना। उदाहरण के लिए अगर अभी टाइम 11:30 हो रहा है और आपने ऐप में +10 अंक डाला है तो आपका पासवर्ड 1140 होगा। इस तरह समय बदलने के साथ ही आपको केवल +10 करना होगा और पासवर्ड बदलता रहेगा। आप +10 की जगह दूसरा अंक भी चुन सकते हैं।

फेस लॉक – फेस लॉक फीचर से ज्यादातर लोग परिचित होगें। कई स्मार्टफोन्स में यह पहले से ही आता है। अगर आपके फोन में यह फीचर नहीं है तो आप फेस लॉक ऐप को डाउनलोड कर सकते हैं। फोन को लॉक करने के साथ ही आप कुछ चुनिंदा ऐप्स जैसे वाट्सअप, फेसबुक, सेटिंग्स और फोटो गैलेरी आदि को भी लाॅक कर सकते हैं।

2. ऐप्स प्ले स्टोर से ही डाउनलोड करें

कई लोग अपने फोन में APK फाइल डाउनलोड कर ऐप्स इंस्टॉल करते हैं। हालांकि ऐप्स को प्ले स्टोर से डाउनलोड करना ही सबसे सही और सुरक्षित तरीका है। फिर भी लोग APK वाली टेक्निक अपनाते हैं।

हालांकि इस तरह से ऐप्स इंस्टॉल करने वालों को यह पता नहीं होता कि जो APK पैकेज आप डाउनलोड कर रहे हैं वह बदला हुआ भी हो सकता है और इससे फोन के लिए हानिकारक फाइल इंस्टॉल हो सकती है यहां तक कि कोई मैलवेयर, ट्रोजन या कीलोगर भी फोन में आ सकता है और सारी पर्सनल जानकारी चुरा सकता है।

इसे रोकने का एक तरीका है। बस अपने स्मार्टफोन की सेटिंग्स में जाएं वहां से Settings > Security > Unknown sources नाम से एक ऑप्शन मिलेगा। इसे अनचेक कर दे। इससे कोई भी APK फाइल स्मार्टफोन में इंस्टॉल नहीं होगी।

3. Secure ब्राउजर का इस्तेमाल करें

पहले एंड्रायड स्मार्टफोन्स में दो ब्राउजर इंस्टॉल आते थे। लेकिन एंड्राइड लोलीपोप के आने के बाद से क्रॉम ब्राउजर ही इंस्टॉल आ रहा है। अगर आप प्ले स्टोर पर नजर डाले तो पाएंगे कि वहां कई तरह के ब्राउजर उपलब्ध है जो अच्छी स्पीड, डाटा सेविंग्स, सिक्योरिटी आदि देने का दावा करते हैं। लेकिन क्रॉम ही सबसे अच्छा है, हालांकि यह बहुत बैटरी खत्म करता है, फिर भी यह बेस्ट ब्राउजर है। वहीं दूसरे ब्राउजर कई तरह के ऐड, ऑफर आदि के साथ आते हैं जिनके साथ कई बार आपको पर्सनल डाटा भी शेयर करना पड़ता है।

अगर आप प्राइवसी को लेकर जादा चिंतिद है तो आप Brave ब्राउज़र उसे कर सकते है।

4. Bloatware ऐप्स को डिसएबल या ब्लॉक करें

आईफोन की बजाय आप कई एंड्राइड डिवाइस देख सकते हैं जो सस्ते और विभिन्न कीमतों में आते हैं। हालांकि इनमें से कुछ के सस्ते होने के कारण इनमें पहले से इंस्टॉल ऐप्स होती है, जिन्हें अपने फोन में इंस्टॉल करने पर ब्रांड को पैसा मिलता है। यह तरीका कंपनी को डिवाइस की कीमत कम करने में मदद करता है।

कई बार इनमें से कुछ ऐप्स मददगार होती है और काम भी आती है। लेकिन इस बात को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता कि ये ऐप्स कई बार फोन का विभिन्न डाटा भी देख सकती है।

अगर हम सैमसंग स्मार्टफोन्स की बात करें तो ज्यादातर में कंपनी की ओर से पहले से इंस्टॉल ऐप्स को आप हटा नहीं पाते। दूसरा तरीका यह है कि आप अपने फोन की सेटिंग्स में जाकर इन्हें डिसएबल कर सकते हैं।

इसके लिए अपने सेटिंग्स में जाकर Apps ऑप्शन में जाएं और वहां उस ऐप को खोल डिसएबल कर दें। इन ऐप्स को डिसएबल कर देने से वे काम करना बंद कर देगी।

5. Two-Factor Authentication इस्तेमाल करें

ईमेल अकाउंट्स से लेकर सोशल नेटवर्किंग साइट्स, ई-कॉमर्स वेबसाइट्स लगभग सभी आजकल इस तरह के लॉग-इन ऑफर कर रही है। इससे 100% सेफ्टी रहती है। टू-फैक्टर ऑथेन्टिकेशन तकनीक का पेटेंट 1984 में किया गया था। हालांकि इसे पिछले कुछ सालों में ही अपनाया गया है। यह ऐसी तकनीक है जिसमें दो चीजों के मिलान से किसी बैंक अकाउंट, ईमेल अकाउंट या फिर किसी भी सुरक्षित चीज तक पहुंच बनाई जाती है।

आजकल टू-फैक्टर ऑथेन्टिकेशन में मोबाइल फोन से एसेस दिया जाता है। जब भी आप अपने नियमित यूजरनेम और पासवर्ड से लॉग-इन करते हैं आपके फोन पर चार अंक का कोड आता है। इसी कोड को लॉग-इऩ के साथ डाला जाता है और अकाउंट खुल जाता है।

6. भूलकर भी पासवर्ड सेव ना करें

जब दर्जनों विभिन्न वेबसाइट्स पर अकाउंट हो तो पासवर्ड याद रख पाना मुश्किल हो सकता है। इस स्थिति में ब्राउजर में पासवर्ड सेव करना बहुत ही आसान तरीका लगता है लेकिन आपको ऐसा करना बंद कर देना चाहिए क्योंकि यह सुरक्षित नहीं है।

इसलिए जब भी आप किसी भी साइट पर लॉग-इन करें और ब्राउजर पासवर्ड आदि सेव करने के लिए पूछे तो ऐसा बिल्कुल भी ना करें। हो सकता है आपके ब्राउजर में किसी तरह की समस्या आ जाए और आपके सारे पासवर्ड आदि चोरी हो जाए।

आप पैस्वर्ड सेव करने के लिए किसी बधिया पैस्वर्ड मैनेजर का इस्तमाल कर सकते है।

7. ऐप परमिशन सेट करें

जब भी आप प्ले स्टोर से कोई ऐप इंस्टॉल करते हैं तो वहां कई तरह की परमिशन पूछी जाती है। हालांकि गूगल ने एंड्राइड के पिछले लेटेस्ट वर्जन्स के साथ ऐप परमिशन को थोड़ा सुरक्षित बनाने की कोशिश की है। हालांकि ज्यादातर यूजर इस चीज को बिल्कुल ही नजरअंदाज कर देते हैं और सारी परमिशन एक ऐप को दे देते हैं।

वह भी बिना सोचे कि इन सभी परमिशन के साथ ऐप आपका डाटा कहां इस्तेमाल कर सकती है। इसलिए अगर आपको किसी ऐप को आपके फोन के कॉन्टेक्ट, मीडिया, फोटो आदि की परमिशन देने को लेकर शंका है तो उस ऐप के परमिशन लेवल को सेटिंग्स में जाकर तुंरत रिसेट कर दे।

8. शॉर्ट लिंक्स से बचें

इंटरनेट सर्फिंग के दौरान कई बार सोशल मीडिया वेबसाइट्स या ईमेल पर शॉर्ट लिंक्स मिलते हैं। इन्हें खोलने से बचें, कई बार इन्हें खोलना खतरनाक हो सकता है और आपकी आईडी पासवर्ड भी चोरी हो सकते हैं।

इतना ही नहीं आपका सोशल मीडिया अकाउंट हैक भी हो सकता है। कई हैकर्स आपका पर्सनल डाटा चुराने के लिए यह तरीका अपनाते हैं।

9. असुरक्षित Wi-Fi नेटवर्क इस्तेमाल करने से बचें

मोबाइल फोन से पूरी दुनिया से कनेक्ट रहना आजकल बहुत महत्वपुर्ण हो गया है। लेकिन कई बार होता है कि हम कोई यात्रा पर हो या फिर इंटरनेट कनेक्शन अच्छा ना हो। इस स्थिति में फ्री वाई-फाई या शेयर्ड हॉटस्पॉट से कनेक्ट हो जाते हैं।

इस स्थिति में इस तरह के वाई-फाई पर केवल वेबसाइट्स ब्राउज और सर्फिंग ही करें। लेकिन ऐसे नेटवर्क पर किसी भी तरह का लॉग-इन आदि बिल्कुल ना करें। क्योंकि हो सकता है आपकी इन्फोर्मेशन पर नजर रखी जा रही हो और आपका अकाउंट हैक भी हो जाए। इसके साथ बैंक अकाउंट आदि को तो भुलकर भी ना खोले। हो सके तो इस तरह के असुरक्षित वाई-फाई कनेक्शन हो इस्तेमाल करने से बचें।

10. Malware & Virus स्कैन करते रहें

गूगल प्ले स्टोर पर कई सारी ऐप्स है जिनमें स्कैन फीचर होता है। इसके साथ ही ये ऐप्स cache, thrash और अन्य प्रकार की फालतू चीजों को रिमूव करने का ऑप्शन देती है।

बस गूगल प्ले स्टोर पर एंटीवायरस सर्च करें और अपने हिसाब से कोई एक अच्छी ऐप डाउनलोड कर लें। इसके साथ ही यह भी ध्यान रखें कि कई बार ये ऐप्स आपके स्मार्टफोन को धीमा भी बना सकती है क्योंकि ये ऐप्स लगातार और बार-बार फोन की फाइल्स आदि को स्कैन आदि करती रहती है। लेकिन अगर आपके पास एक अच्छा स्मार्टफोन है तो यह समस्या ज्यादा नहीं आएगी।

अंत में:

यह कुछ तरीके है जिनसे आप अपने एंड्राइड स्मार्टफोन को सिक्योर बना सकते हैं। अगर आपको लगता है कि हम इस आर्टिकल में कोई अन्य तरीका लिखना भूल गए है तो आप कमेंट सेक्शन में हमारे साथ शेयर कर सकते हैं।

उम्मीद है ये टिप्स आपको हेल्प ज़रूर करेंगे अपने फ़ोन को secure करने में। अगर आपका कही कोई सवाल हो तो आप कॉमेंट करके ज़रूर पूछे।

Share on:

मेरा नाम धर्मेश पटेल है, में गुजरात का रहने वाला हु और मेरी पहले से ही Technology में बहोत रुची रही है इसलिये मैने Android Hindi – एंड्राइड की हर जानकारी नाम का ब्लोग बनाया है।

Leave a Comment

Please Read HMH Comment Policy before Comment.

3 thoughts on “दस तरीकों से Android फोन का डाटा चोरी होने से बचाएं”

  1. Rohit Sir की तरफ से आपका बहोत बहोत सुक्रिया ।

    ज्यादा Useful जानकारी के लिये HindimeHelp पे रोज Visit करें ।

    धन्यवाद ।

    Reply
  2. Sir, आपका पोस्ट काफी अच्छा होता है, मैं रोज आपके ब्लॉग से कुछ नया नया जानकारी सीखता हु | धन्यवाद

    Reply
    • Rohit Sir की तरफ से आपका बहोत बहोत सुक्रिया ।

      ज्यादा Useful जानकारी के लिये HindimeHelp पे रहे ।

      धन्यवाद ।

      Reply